(1. जिलाधिकारी को किसानों ने दिया पत्रक।


2. 2 मीटर चौड़ी चकरोड के दोनों तरफ डेढ़ डेढ़ मीटर चौड़ा यानी 5 मीटर चौड़ी सड़क का हो रहा है निर्माण।


3. किसान कमलाकांत सिंह का 50, एयर बोए गए खेत की जमीन रोड में मिला दिया गया है।)


चितबड़ागांव, बलिया। ग्रामीण अभियंत्रण विभाग द्वारा ग्राम पंचायत महरेंव के काली -स्थान से ग्राम पंचायत मर्ची खुर्द तक सड़क कार्य कराया जाना है।
उक्त कार्य में ठेकेदार 5 मीटर चौड़ी सड़क बनवा रहा है जबकि चकरोड 2 मीटर चौड़ी थी, पर ठेकेदार ने रातो रात बिना किसानों को सूचना दिए उनके मर्जी के बिना ही जबरन सड़क के दोनों तरफ डेढ़- डेढ़ मीटर बोई गई जमीन को अधिग्रहण करके उनके ही बोए गए खेत से ठेकेदार जेसीबी द्वारा मिट्टी काटकर सड़क पर डलवा चुका है, जबकि गेहूं की फसल अंकुरित होकर लगभग 3- 3 इंच की हो गई है। सुबह जब किसानों को इस बात का पता चला हो वे निर्माण कार्य का विरोध किए। निर्माण कार्य का विरोध करने पर ठेकेदार ने धौंस दिया कि अगर सरकारी कार्य में आप लोग बाधा डालेंगे तो मुकदमा भी कायम हो जाएगा, रही बात अधिग्रहण किए हुए जमीन की तो अधिग्रहण किए हुए भूमि का मुआवजा इस कार्य में नहीं मिलता है। इसलिए आप लोगों की भूमि का कोई भी मुआवजा नहीं दिया जाएगा। जिस पर खिन्न होकर कमलाकांत सिंह पुत्र स्वर्गीय राजवंश सिंह ने जिलाधिकारी को एक शिकायती पत्र सौंपकर उक्त कार्य को शीघ्र अति शीघ्र रोकने की अपील की है। जिलाधिकारी द्वारा तहसीलदार को उक्त कार्य के संबंध में आख्या देने के लिए आदेश हो चुका है।
इस निर्माण कार्य में ठेकेदार द्वारा किसानों के बीज बोए गए खेत से ही जेसीबी से मिट्टी कटवा कर रोड के ऊपर डाला जा रहा है, जिसको लेकर किसानों में काफी आक्रोश व्याप्त है।