बलिया ददरी मेला की अंतिम दिन महिलाओं ने खजला का खूब किया खरीदारी! और मेले का पूरा लुप उठाया! उन्होंने बताया कि ददरी मेला बलिया का ऐतिहासिक मेला है जो कि पिछले 2 सालों से ना लगने के कारण इस साल भव्य रुप से लगा और मेले में पूरी व्यवस्था अच्छी मिली इसके लिए प्रशासन व नगर पालिका को धन्यवाद दिया! देर रात तक मेले में आने-जाने वालों का तांता लगा रहा। मेले में लोगों ने परिवार के साथ जमकर आनंद उठाया। सुबह 9 बजे से ही मेला शुरू हो गया। दुकानदार पहले ही दुकान खोल दिए थे। अंतिम दिन होने के कारण दोपहर तक तो शहर सहित ग्रामीण क्षेत्र से लोग मेले में पहुंचने लगे। कुछ ही पल में मेला हाउसफुल रहा। युवक-युवतियों संग नई नवेली दुल्हन और नन्हे-मुन्ने बच्चों ने ब्रेक डांस, टोरा-टोरा और नाव आदि पर चढ़कर आनंद लिया। छह झूलों पर लोग घंटों इंतजार किए। महिला व पुरुषों ने गर्म कपड़ा, खजला, चूड़ी, क्राकरी, सौंदर्य प्रसाधन, चप्पल-जूता व खादी समेत अन्य सामानों की खरीदारी की। धुआंधार बिक्री से दुकानदारों के चेहरे खिल उठे।