रिपोर्ट, वरूण सिंह
आजमगढ़ । उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तारीख करीब आ रही है, और आजमगढ़ जनपद के फूलपुर विधानसभा सीट सबसे हॉट सीट बन गई है, गुरुवार को समाजवादी पार्टी ने आजमगढ़ जनपद की 10 विधानसभाओं में से 7 विधानसभाओं पर अपने प्रत्याशी का ऐलान कर दिया है, वही भारतीय जनता पार्टी ने अभी अपना पता नहीं खोला है, जबकि ज्यादातर जनपद की सीटों पर बहुजन समाज पार्टी ने अपने प्रत्याशियों की लिस्ट जारी कर दी है, गुरुवार को समाजवादी पार्टी द्वारा जनपद की 7 विधानसभाओं की सीटों पर प्रत्याशियों की जो जो सूची जारी की है, उसमें सबसे हॉट सीट पवई-फूलपुर हो चुकी है, कारण कि कांग्रेश छोड़कर सपा में आए पूर्व सांसद रमाकांत यादव को सपा ने पवई-फूलपुर से अपना प्रत्याशी बनाया है, जबकि उन्हीं के पुत्र अरुण कांत यादव वर्तमान में भाजपा से विधायक हैं, भाजपा सूत्रों की माने तो अरुण कांत यादव को ही फूलपुर-पवई विधानसभा से पार्टी प्रत्याशी बनाएगी, ऐसे में सबसे दिलचस्प मुकाबला अगर आजमगढ़ में होगा तो वह सीट है पवई-फूलपुर, कारण की पूर्व सांसद रमाकांत यादव के सामने उन्हीं का पुत्र अरुण कांत यादव भाजपा से चुनाव लड़ेंगे, ऐसे में चुनाव काफी दिलचस्प देखने को मिलेगा, वहीं दूसरी तरफ निजामाबाद से समाजवादी पार्टी ने फिर विधायक आलम बदी को अपना प्रत्याशी घोषित किया है, विधायक आलम बदी को प्रत्याशी घोषित घोषित होने के बाद पूर्व प्रमुख इसरार अहमद ने बयान दिया है कि वह विधायक आलम वदी के खिलाफ निजामाबाद विधानसभा से चुनाव लड़ेंगे, और हो सकता है कि बहुजन समाज पार्टी पूर्व प्रमुख इसरार अहमद को अपना प्रत्याशी निजामाबाद से बनाए । दूसरी तरफ जिले के गोपालपुर सीट से टिकट की दावेदारी कर रहीं शमा वसीम टिकट न मिलने पर रोती दिखाई दीं, उन्होंने अखिलेश यादव पर छल करने का आरोप भी लगाया है, इस सीट से वर्तमान विधायक नफीस अहमद को पार्टी का टिकट मिला है, वहीं सूत्रों की माने तो समा वसीम बसपा का दामन जल्द ही थाम सकती हैं, बता दें कि शमा वसीम के पति वसीम अहमद तीन बार इस सीट से विधायक रह चुके हैं, और अखिलेश सरकार में मंत्री भी रहे, जिनका देहांत 12 दिसंबर 2020 को हो गया था, वसीम अहमद की पत्नी शमा वसीम इस सीट से टिकट मांग रही थी, शमा वसीम का कहना है कि अखिलेश यादव ने उन्हें आश्वस्त किया था, कि वह गोपालपुर सीट से उनको टिकट देंगे, टिकट ना मिलने से दुखी शमा वसीम ने अखिलेश यादव पर छल करने का आरोप लगाया, उन्होंने कहा कि उनके पति समाजवादी पार्टी में पूर्ण रूप से समर्पित रहे, और पार्टी के लिए उन्होंने बहुत कुछ किया, अस्वस्थता का हवाला देकर पिछले 2017 विधानसभा चुनाव में वसीम अहमद को भी टिकट नहीं दिया गया । शमा वसीम ने कहा कि पहले तो अखिलेश यादव ने वसीम अहमद के साथ छल किया, अब उन्होंने मेरे साथ भी छल किया है. अच्छा है कि अब इस दुनिया में नहीं हैं वरना अखिलेश यादव के इस छल को बर्दाश्त नहीं कर पाते, उन्होंने कहा कि गोपालपुर की जनता वसीम अहमद को हमेशा प्यार देती थी और उनके बाद उनकी विधवा पत्नी को सम्मान दिया, कहा कि लोगों से बात कर उनकी भावनाओं के अनुरूप अगला निर्णय लेने का कार्य करूगी