बृजेश सिंह राजेसुलतानपुर अंबेडकरनगर ।

जिले के थानाक्षेत्र राजेसुलतानपुर अंतर्गत नगर पंचायत के पोखरभिट्टा ग्राम निवासी भगवान सिंह का पार्थिव शरीर 6:30 बजे पैतृक निवास पहुंचा। हजारों की तादात में स्थानीय लोगों ने नम आंखों से शहीद भगवान सिंह को श्रद्धा सुमन अर्पित किया। हजारों की भीड़ के बीच कमहरिया घाट पर शहीद भगवान सिंह का अंतिम संस्कार किया गया। 
शहीद परिवार को सांत्वना देने के लिए राकेश सचान कैबिनेट मंत्री सतीश शर्मा राज मंत्री राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार भाजपा जिलाध्यक्ष डॉ मिथिलेश त्रिपाठी पूर्व विधायक अनीता कमल पूर्व ब्लाक प्रमुख अरविंद सिंह ब्लाक प्रमुख विनीता कनौजिया विधान परिषद सदस्य डॉ हरिओम पांडे भाजपा नेता आर एस गौतम अभय सिंह मोनू मंत्री भाजयुमो प्रिंस वर्मा जिला कार्यसमिति सदस्य भाजयुमो जिलाधिकारी अंबेडकरनगर एसपी अंबेडकर नगर समेत हजारों की तादाद में क्षेत्रीय लोग शहीद के पैतृक निवास पर उमड़ पड़े। भारी भीड़ के साथ तथा राजकीय सम्मान के बीच शहीद भगवान सिंह का कमहरिया घाट पर अंतिम संस्कार किया गया। कमहरिया घाट पर स्थानीय प्रशासन द्वारा दोपहर से ही साफ-सफाई आदि की व्यवस्था की गई थी जिसमें जहांगीरगंज के ब्लॉक के अधिकारी कर्मचारी कमान संभाले हुए थे। घाट पर लाइट की व्यवस्था पहले से ही की गई थी। गौरतलब है कि
भगवान सिंह जम्मूकश्मीर में आतंकवादियों से मुठभेड़ में शहीद हो गए ।
प्राप्त विवरण के अनुसार शहीद भगवान सिंह ने 1999 में आर्मी ज्वाइन की थी पिछली बार वह 8 जून को घर आए थे चार भाइयों में शहीद भगवान सिंह दूसरे नम्बर के थे बड़े भाई राम सिंह तथा छोटे धनंजय सिंह और मृत्युंजय सिंह हैं । शहीद भगवान सिंह की शादी 2003 में हुई थी पत्नी दीपमाला सिंह और 17 साल की पुत्री स्मृति सिंह और 15 साल के पुत्र यशवीर सिंह हैं । बुजुर्ग पिता महेन्द्र सिंह ने कहा मेरा बेटा अमर हो गया है मुझे उस पर गर्व की वह आतंक वादियों से लड़ते हुए देश की रक्षा के लिए शहीद हुआ है । गौरतलब है कि श्री भगवान सिंह पुत्र महेन्द्र सिंह निवासी ग्राम राजेपुर शहरयारपुर (पुरवा पोखरभिट्टा), पोस्ट चकभदया, नगर पंचायत राजेसुल्तानपुर, थाना राजेसुल्तानपुर, परगना बिड़हर, तहसील आलापुर, जनपद अम्बेडकरनगर राजपूताना राइफल रेजीमेन्ट, जम्मू और कश्मीर में नायब सूबेदार के पद पर तैनात थे, जो दिनांकः 17-07-2022 की रात्रि में सीमा (LOC) पर गश्त करते हुए ग्रेनेड ब्लास्ट में शहीद हो गये।

अंबेडकर नगर के जिला अधिकारी कार्यालय ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया कि
मा० मुख्यमंत्री जी ने दिवंगत नायब सूबेदार के परिजनों को 50 लाख रूपये की आर्थिक सहायता प्रदान करने की घोषणा की है। उन्होंने श्री भगवान सिंह के परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने तथा जनपद की एक सड़क का नामकरण दिवंगत नायब सूबेदार श्री भगवान सिंह के नाम पर करने की भी घोषणा की है।
उक्त के क्रम में आज दिनांक: 19-07-2022 को श्री राकेश सचान जी, मा० मंत्री, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम, खादी एवं ग्रामोद्योग, रेशम, हथकरघा तथा वस्त्रोद्योग विभाग, उत्तर प्रदेश तथा श्री सतीश चन्द्र शर्मा जी, मा० राज्यमंत्री, खाद्य एवं रसद तथा नागरिक आपूर्ति, उ०प्र० दिवंगत नायब सूबेदार के अन्तिम दर्शन कार्यक्रम में सम्मिलित हुए तथा नायब सूबेदार के परिजनों को 50 लाख रूपये ( पिता श्री महेन्द्र सिंह को 15 लाख रूपये एवं पत्नी श्रीमती दीपमाला को 35 लाख रूपये) की आर्थिक सहायता प्रदान की गयी। बताते चलें कि गत रविवार की रात्रि गश्त के दौरान ग्रेनेड ब्लास्ट में शहीद हुए नायब सूबेदार भगवान सिंह पुत्र महेंद्र सिंह के पीड़ित परिजनों को योगी सरकार की तरफ से 50लाख रुपए की आर्थिक मदद प्रदान की गयी इसी के साथ शहीद के परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी भी दिए जाने की घोषणा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा की गयी है। मंगलवार को शहीद के अंतिम दर्शन हेतु उनके पैतृक गांव पोखरभिट्टा पहुंँचे सूक्ष्म,लघु एवं मध्यम उद्यम खादी ग्राम उद्योग रेशम हथकरघा तथा वस्त्रोद्योग मंत्री राकेश सचान, तथा खाद एवं रसद तथा नागरिक आपूर्ति राज्यमंत्री सतीश चंद शर्मा ने शहीद के परिजनों को ढांढस बँधाया।सरकार द्वारा घोषित आर्थिक मदद को मंत्रियों द्वारा शहीद के पिता महेंद्र सिंह को 15 लाख तथा शहीद की पत्नी दीपमाला को 35लाख रुपए सौंपे गए।बता दें कि शहीद हुए जवान भगवान सिंह राजेसुलतानपुर क्षेत्र के राजेपुर शहरयारपुर गांव के मजरा पोखरभिट्टा के स्थाई निवासी रहे भगवान सिंह जम्मू और कश्मीर में राजपूताना राइफल रेजीमेंट में नायब सूबेदार के पद पर तैनात थे।बीते रविवार की रात्रि वह जम्मू-कश्मीर के पुंछ जिले के मेंढर सेक्टर में गश्त पर थे।उसी समय ग्रेनेड ब्लास्ट में वह शहीद हो गए।इधर मंगलवार को शहीद की शोक में राजेसुलतानपुर बाजार पूरी तरह बंद रहा।शहीद का शव पैतृक आवास पर पहुंचते ही ‘भगवान सिंह अमर रहे’ ‘भारत माता की जय’ के किए गए उदघोंषों के बीच पूरा माहौल गमगीन हो गया हजारों की संख्या में मौजूद लोगों ने श्रद्धांजलि अर्पित किया कम्हरिया घाट पर शुरू हुई अंत्येष्टि में गार्ड ऑफ ऑनर के साथ शहीद को सलामी दी गई