रिपोर्ट, जेके शुक्ला 
 पवई (आजमगढ़) लगभग 50 वर्ष पूर्व बने विद्युत उप केंद्र पवई का भवन जर्जर हो चुका है। जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। इस विद्युत केंद्र में बारिश के मौसम में छत से पानी टपकता है। जर्जर छत और दीवारों से सीमेंट छूट कर गिर रही है। भवन में 6 कमरे बने हैं। यहां की हालत यह है कि कंट्रोल रूम तो सही है, परंतु अवर अभियंता आवास, लाइनमैन आवास से लेकर सब कुछ जर्जर अवस्था में है। अधिकारी व कर्मचारी अब इसमें रहने से भी कतराने लगे हैं। वही जान जोखिम में डालकर कर्मचारी ड्यूटी करने को विवश हैं। इस उपकेंद्र पर न तो पेयजल की व्यवस्था है, और ना ही शौचालय की, जिससे कर्मचारियों को दिक्कत का सामना करना पड़ता है। पवई में स्थित विद्युत उप केंद्र कर्मचारियों ने कहा कि भवन जर्जर होने के कारण सभी लोग ज्यादा से ज्यादा समय बाहर बिताते हैं। अवर अभियंता मनोज कुमार ने बताया कि हम लोगों ने इस समस्या से अपने विभाग के उच्चाधिकारियों को कई बार अवगत कराया है। लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। हम लोगों को यहा कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।