अतरौलिया, आजमगढ़। नगर पंचायत में जहां स्वच्छ सर्वेक्षण अभियान चलाकर नगर को साफ सुथरा बनाने का दावा किया गया वहीं नगर प्रशासन की पोल लगातार हो रही बरसात ने खोल कर रख दी।नगर में चारों तरफ भारी जलजमाव है जिससे लोगों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं स्थानीय दुकानदार भी जलजमाव से प्रभावित हो रहे तथा दूषित पानी के जलजमाव से लोग जूझ रहे हैं। नगर पंचायत में सबसे बड़ी समस्या जल निकासी की है जिसका अभी तक संपूर्ण निस्तारण नहीं कराया गया जिसकी वजह से हल्की बरसात में ही प्रशासन की पोल खुल जाती है वहीं सड़कों पर लबालब पानी जमा हो जाता है। स्थानीय लोगों के साथ ही विद्यालय जाने वाले छोटे-छोटे बच्चों को मुसीबतों का सामना करना पड़ता है। नगर के सबसे ज्यादा जलजमाव वाले लोहिया नगर वार्ड में लोग घुटने भर पानी में सफर करते हैं। जहां जलजमाव की समस्या सबसे बड़ी समस्या है जबकि इसी वार्ड में राजकीय कन्या इंटर कॉलेज, कस्तूरबा विद्यालय, बीआरसी तथा कमपोजिट विद्यालय के साथ ही सबसे अधिक खाताधारकों वाला बैंक यूनियन बैंक भी है जो जलजमाव की समस्या से बराबर जूझता रहता हैं। इसी प्रकार नगर के बुधहनिया रोड सहित अन्य मोहल्लों की स्थिति है। वार्ड नं एक अम्बेडकर नगर में डॉक्टर बदरुद्दीन के हास्पिटल से शान्ति चौक तक घुटने भर पानी से होकर लोगों को गुजरना पड़ रहा है। वहीं दुकानदारों का कहना है कि पूरी तरह जल जमाव से ग्राहकों का आना मुश्किल सा हो गया है। स्थानीय निवासी लालजी सिंह व साहित्यकार डा0 राजाराम सिंह ने बताया कि निषाद बस्ती तथा दलित बस्तियों में कभी भी नालों की सफाई नहीं की जाती है। जिसकी वजह से बराबर जलजमाव होता रहता है। इसकी शिकायत हम लोगों ने उपजिलाधिकारी तथा जिलाधिकारी से कई बार किये। इस समस्या के संदर्भ में बात करने के लिए जब अधिशासी अधिकारी को फोन लगाया गया उनका फोन स्विच ऑफ रहा। इस संबंध में नगर के राहुल मिश्रा, डॉ0 राजाराम सिंह ,छांगुर जायसवाल, राधेश्याम गुप्ता, शिव कुमार गुप्ता, आनंद जायसवाल, जयप्रकाश विश्वकर्मा, डा0 बदरुद्दीन, मिश्रीलाल गौतम आदि ने शासन प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द जल निकासी की व्यवस्था किया जाए नहीं तो हम लोग आंदोलन के लिए बाध्य होंगे। जिसकी सारी जिम्मेदारी शासन प्रशासन की होगी।