रिपोर्ट, वरुण सिंह 
लखनऊ। केंद्रीय विद्यालय के पास गुरुवार की रात करीब 10 बजे एसटीएफ व अलीगंज पुलिस की मुख्तार अंसारी गिरोह के शूटरों से मुठभेड़ हुई, इसमें मुख्तार का खास शार्प शूटर रवि यादव उर्फ दिग्विजय जख्मी हो गया, उसके तीन साथियों को टीम ने दबोच कर तीन तमंचा, कारतूस व एक कार बरामद की है, रवि यादव पर आजमगढ़ पुलिस ने 25 हजार का इनाम घोषित किया था, उसका नाम गाजीपुर में हुए चर्चित पत्रकार राजेश मिश्रा की हत्या में सामने आया था, इसके बाद से वह फरार था एसटीएफ के डिप्टी एसपी धर्मेश कुमार शाही के मुताबिक, बृहस्पतिवार रात सूचना मिली कि चार बदमाश कार से अलीगंज इलाके में बड़ी वारदात अंजाम देने के लिए घूम रहे हैं, इस पर स्थानीय पुलिस को अलर्ट किया गया और एसटीएफ की टीम भी पहुंची, रात करीब 10 बजे केंद्रीय विद्यालय के सामने पार्क के पास कार में चार संदिग्ध युवक दिखे।
पुलिस टीम ने रोकने का प्रयास किया तो कार सवार तेज रफ्तार से भागने लगे, घेराबंदी करने पर कार से उतरकर भागने लगे और फायरिंग शुरू कर दी, पुलिस ने जवाबी फायरिंग की, इसमें गाजीपुर के करंडा गांव निवासी रवि यादव उर्फ दिग्विजय के पैर में गोली लग गई, वहीं, तीन अन्य बदमाशों उत्कर्ष यादव, उमेश यादव व रवि यादव को भी दबोच लिया गया।
बता दें कि गाजीपुर के करंडा थानाक्षेत्र में 21 अक्तूबर 2017 को आरएसएस कार्यकर्ता और पत्रकार राजेश मिश्रा की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी, राजेश ने बिहार के लिए की जा रही अवैध शराब तस्करी व बालू खनन के विरोध में अभियान छेड़ रखा था, इस हत्याकांड की साजिश जेल से रची गई थी, मुख्य आरोपी राजीव उर्फ रजनीश यादव था, पुलिस ने इस हत्याकांड में बिहार के भभुआ के चैनपुर रायगढ़ के अजीत यादव, हाटा के झनकू यादव व चंदौली के धीना निवासी सुनील यादव की गिरफ्तारी की थी, एसटीएफ के डिप्टी एसपी डीके शाही के मुताबिक रवि यादव उर्फ दिग्विजय का नाम भी इस हत्याकांड में आया था।