अतरौलिया, आजमगढ़। शुक्रवार को ग्राम प्रधान रामचेत व ग्राम सचिव आदेश शुक्ला के नेतृत्व में देहुला गोसाई ग्राम सभा के चिश्ती पुर में खुली बैठक का आयोजन किया गया। जिसमें ग्राम सभा की अधिकतर महिलाएं नाली, खड़ंजा, आवास, साफ सफाई, जलजमाव की समस्याओं को लेकर खुली बैठक में उपस्थित हुई, जिसमें उमा, दयामती, रागिनी, कुसुम, कबूतरा, पुष्पा आदि महिलाओं ने आरोप लगाया कि ग्राम प्रधान के हस्तक्षेप से महिलाएं अपनी बात खुली बैठक में नही रख सकी। वही गांव में समस्याओं का अंबार लगा हुआ है जलजमाव से संक्रामक बीमारियों के बढ़ने का खतरा बढ़ गया है तथा गांव में जाने के लिए आरसीसी मार्ग की जरूरत है। ग्राम सभा की मीटिंग इसलिए भी जरूरी होती है कि यह गांव के विकास की पहली कड़ी होती है। गांव वाले खुद अपनी समस्या के अनुसार कार्ययोजना बनाते हैं और फिर साल भर उस कार्ययोजना पर काम होता है लेकिन जब यह मीटिंग नहीं होती तो गांव के लोगों से, उनकी समस्याओं से योजनाओं की एक दूरी बन जाती है। इस मौके पर प्रधान राम चेत, पंचायत सहायक प्रदीप, सचिव आदेश शुक्ला समेत गांव की महिलाएं उपस्थित रही।