रिपोर्ट, वरुण सिंह 
आजमगढ़। निजामाबाद थाना क्षेत्र में खुदादादपुर गांव स्थित कब्रिस्तान के समीप गुरुवार की शाम तेज रफ्तार ट्रक बाइक सवार दो बुजुर्ग मौलानाओं को रौंदते हुए निकल गया। इस हादसे में दोनों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। घटना की जानकारी के बाद क्षेत्र के लोगों में शोक की लहर व्याप्त है। सरायमीर थाना क्षेत्र के इसरौली ग्राम निवासी 60 वर्षीय मौलाना फैज इस्लाही पुत्र स्व० जमालुद्दीन सरायमीर क्षेत्र के मदरसा इस्लाह में पढ़ाते थे। अपनी विद्वत्ता के चलते जिले में उनकी अलग पहचान थी। धार्मिक जलसों में उनकी बातों को सुनने के लिए लोग आतुर रहते थे। बताते हैं निजामाबाद क्षेत्र के खुदादादपुर निवासी 65 वर्षीय मौलाना खुर्शीद पुत्र स्व० अयूब मौलाना फैज के सहपाठी होने के साथ ही आपस में रिश्तेदार थे। मौलाना खुर्शीद मुंबई में अपना व्यवसाय करने के साथ ही महाराष्ट्र के थाणे जिले के जमात इस्लामी के जिलाध्यक्ष थे और कुछ दिनों पूर्व वह अपने घर आए हुए थे। गुरुवार को दिन में दोनों लोग बाइक से मोहम्मदपुर क्षेत्र में आयोजित किसी निमंत्रण में शामिल होने गए थे। शाम करीब साढ़े छह बजे घर वापसी के दौरान दोनों व्यक्ति खुदादादपुर गांव स्थित कब्रिस्तान के समीप पहुंचे थे कि तभी सरायमीर की ओर जा रहा ट्रक पीछे से उन्हें रौंदते हुए निकल गया। मौके पर ही उनकी मौत हो गई। हादसे की जानकारी के बाद क्षेत्र के लोग सैकड़ों की संख्या में हादसा स्थल पर पहुंच गए। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजना चाहा लेकिन लोग पोस्टमार्टम के लिए इंकार कर दिए। समाचार लिखे जाने तक दोनों शव मौके पर पड़े थे और पुलिस शोकाकुल लोगों को समझाने के प्रयास में जुटी थी। बुजुर्ग मौलानाओं की सड़क हादसे में मौत की खबर पाकर क्षेत्र के लोगों में शोक की लहर व्याप्त है।