महराजगंज, आजमगढ़। ब्लाक अंतर्गत गोसाईंपुर भाटिनी मार्ग उपेक्षा के शिकार के कारण ग्राम वासिओं को आवाज उठाने पर मजबूर कर दिया और परिणाम यह हुआ कि सड़क और पुलिया निर्माण के लिए गांव वालों के साथ देवारा विकास सेवा समिति और जिला पंचायत सदस्य भी उनके साथ खड़े नज़र आये। बतादें कि मोलानापुर, गोसाईंपुर, भाटिनी, चेवता के रास्ते कंधरापुर आजमगढ़ मार्ग विगत 3-4 सालों से उपेक्षा का शिकार होने के कारण जर्ज़र हालत में है। कभी यह मार्ग देवारा वासिओं सहित महराजगंज के लोगों और राहगीरों के लिए आजमगढ़ मुख्यालय जाने का एक प्रमुख मार्ग हुआ करता था परन्तु विभाग के उदासीनता के कारण कुछ लोगों के लिए इस मार्ग का प्रयोग मज़बूरी बन गया है तो कुछ लोगों के लिए रास्ता बदलकर जाने की बाध्यता। ऐसे मे आस पास के लोगों के सामने विभाग के कान और आँख को खोलने के लिए लोकतान्त्रिक प्रक्रिया से अपनी बात पहुँचाने के शिवाय कोई रास्ता नहीं बचा था शायद यही आज के लोकतंत्र की परिभाषा है कि बिना आवाज़ उठाये कोई विभाग, अधिकारी और जनप्रतिनिधि अपने कर्तव्यों का निर्वहन नहीं कर सकते। ऐसा ही मामला मोलानापुर-कंधरापुर मार्ग स्थित भाटिनी गांव के लोगों साथ देखने को मिला। जहाँ मार्ग और पुलिया के नवीनीकरण के मामले के रूप मे देखने को मिला। भाटिनी ग्राम वासिओ द्वारा मार्ग और पुलिया के नवीनीकरण की मांग कई उठायी गयी परन्तु इस पर कोई कार्यवाही नहीं हुई। इस बार उनके साथ देवारा की अग्रणी सामाजिक संगठन देवारा विकास सेवा समिति के अध्यक्ष रामकेदार यादव और जिला पंचायत सदस्य विशाल सेठ ने भी उनकी आवाज़ मे अपनी आवाज मिला दी है। अब देखना यह दिलचस्प होगा कि उत्तरदायी विभाग, अधिकारी और जनप्रतिनिधि इस आवाज़ को सुन और देख पाते है या फिर लोगों को और संघर्ष करना पड़ता है।