वैशाली/हाजीपुर। अध्यक्ष केंद्रीय चयन परिषद (सिपाही भर्ती) बिहार पटना से प्राप्त पत्र के आलोक में जिलाधिकारी यशपाल मीणा एवं पुलिस अधीक्षक रवि रंजन कुमार के द्वारा पुलिस संगठन में सिपाही पद पर नियुक्ति के लिए लिखित परीक्षा-2023 को कदाचारमुक्त एवं शांति पूर्ण सम्पन्न कराने को लेकर समाहरणालय सभागार में सभी केंद्राधीक्षक, प्रतिनियुक्त दंडाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारी के साथ संयुक्त ब्रिफिंग की गयी जिसमें बताया गया कि सिपाही भर्ती परीक्षा तीन चरणों में 1 अक्टूबर, 7 अक्टूबर एवं 15 अक्टूबर को दो पालियों में संपन्न कराई जाएगी।प्रथम पाली की परीक्षा सुबह के 10 बजे से 12 बजे तक तथा द्वितीय पाली 3 बजे अपराह्न से 5 बजे तक होगी जिसके लिए वैशाली जिला में कुल 18 परीक्षा केन्द्र बनाये गए हैं।
जिलाधिकारी के द्वारा बताया गया कि परीक्षा को शांतिपूर्ण एवं कदाचारमुक्त संपन्न कराने के लिए परीक्षा केन्द्र पर स्टैटिक दण्डाधिकारी, जोनल दण्डाधिकारी, उड़नदस्ता सहित पुलिस पदाधिकारी, सशस्त्र बल एवं महिला सिपाही की प्रतिनियुक्ति कर दी गयी है जो परीक्षा तिथि को ससमय अपने प्रतिनियुक्ति स्थल पर पहुँचकर परीक्षा समाप्ति के उपरांत तक विधि व्यवस्था को संधारित करेंगे। उड़नदस्ता दण्डाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारी सतत् भ्रमणशील रहकर परीक्षा को शांति पूर्ण संचालन कराते हुए विधि व्यवस्था को संधारित करेंगे।
जिलाधिकारी ने कहा कि स्टैटिक दण्डाधिकारी एवं केन्द्राधीक्षक का यह दायित्व होगा कि वे परीक्षार्थियों के लिए सीट प्लान निर्धारित मानकों को ध्यान में रखते हुए बनाएं तथा यह ध्यान दिया जाय कि एक बेंच पर 02 से अधिक परीक्षार्थी को नहीं बैठाना है। उन्होंने कहा कि परीक्षा प्रारंभ होने के 1 घंटा पूर्व अर्थात प्रथम पाली में 09 बजे तक एवं द्वितीय पाली मे 02 बजे अपराह्न तक ही केंद्र के अंदर परीक्षार्थियों को प्रवेश दिया जाय उसके बाद किसी परीक्षार्थी को केन्द्र के अन्दर प्रवेश नहीं दिया जाय तथा परीक्षा समाप्ति के पश्चात ही परीक्षार्थी को परीक्षा कक्ष छोड़ने की अनुमति दी जाय। बिना फोटो पहचान किये किसी भी परीक्षार्थी को मुख्य प्रवेश द्वारा से अन्दर नहीं जाने दिया जाय। परीक्षा से संबद्ध सभी उम्मीदवारों को ई-प्रवेश पत्र उपलब्ध कराए गए हैं और वैसे प्रवेश पत्र परीक्षा में बैठने के लिए मान्य हैं। जिलाधिकारी ने कहा कि परीक्षार्थियों के प्रवेश करने से पूर्व उनकी भौतिक रूप से जाँच कराते हुए यह सुनिश्चित कर लेंगे कि परीक्षार्थी के पास किसी भी प्रकार का कैलकुलेटर, मोबाईल फोन, ब्लूटूथ उपकरण या कोई अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण नहीं हो। इसका दृढ़ता से अनुपालन सुनिश्चित करायेंगे। बिहार परीक्षा संचालन अधिनियम 1981 इस परीक्षा में लागू है, यदि कोई उम्मीदवार इस अधिनियम के किसी उपबंध का उल्लंघन करते हुए पाया जाता है तो नियमानुसार उनके विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की जाएगी और इसे केंद्राधीक्षक सुनिश्चित करेंगे।अगर कोई परीक्षार्थी फर्जी नाम से अथवा किसी अन्य अभ्यर्थी के स्थान पर परीक्षा दे रहा है तो यह दंडनीय अपराध है। केंद्राधीक्षक ऐसे सभी फर्जी अभ्यर्थियों को स्थानीय थाना को स्टैटिक अथवा जोनल दंडाधिकारी की सहायता से सुपुर्द करते हुए उनके विरुद्ध आपराधिक धाराओं में कांड दर्ज कराएंगे।सभी परीक्षा केंद्र पर सीसीटीवी एवं जैमर लगाया जाएगा। परीक्षा के सफल संचालन के लिए जिला स्तर पर 06224-260220 पर नियंत्रण कक्ष की स्थापना की गयी है। अनुमंडल पदाधिकारी हाजीपुर को परीक्षा केन्द्र के 200 गज की परिधि में दण्ड प्रक्रिया संहिता की धारा 144 के अंतर्गत निषेधाज्ञा लागू करने तथा परीक्षा केन्द्र के आस-पास की फोटोस्टेट की दुकानों को परीक्षा अवधी में बंद कराने का निर्देश दिया गया है।अनुमंडल पदाधिकारी के द्वारा बताया गया कि परीक्षा केन्द्र के आस-पास परीक्षा के दिन निषेधाज्ञा लागू कर दी गयी है।