जीवन में संयम, सहनशीलता और अनुशासन का पालन करने से वास्तविक शिक्षा का उद्देश्य होता है  पूरा 

आजमगढ़वेदांता इंटरनेशनल स्कूल में दसवीं के बच्चों के लिए शुभकामना और 12 वीं के बच्चों के लिए आगामी परीक्षा में अच्छी सफलता के लिये आशीर्वाद व 12 वी के बच्चों को सफलता के साथ ही भविष्य के लिये शुभकामनाएं के साथ ही आशीर्वाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें सर्वप्रथम 9 वी व 11वीं के बच्चों के द्वारा 10 वीं व 12 वीं के बच्चों का तिलक लगाकर व पुष्प वर्षा कर तालियो के साथ स्वागत किया गया, तत्पश्चात 10 वीं और 12 वीं के बच्चों ने विद्यालय के प्रबंध निदेशक शिव गोविंद सिंह व प्रधानाचार्य जुबेर हसन के साथ फीता खोलकर कार्यक्रम का कार्यक्रम का शुभारंभ किया, तत्पश्चात विद्यालय के प्रबंध निदेशक शिव गोविंद सिंह व दयनाथ सिंह ने संयुक्त रूप से माँ सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण के साथ ही पूजा कर दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया । उसके बाद बच्चों ने विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों व अपने संबोधन के माध्यम से 10 वीं व 12 वीं बच्चों को अपनेपन का एहसास कराया, वही 10 वीं और 12 वीं के बच्चों के लिये विभिन्न प्रकार के खेल का आयोजन किया गया । जिसमें पर्ची के द्वारा उनके कला कौशल को प्रदर्शित किया गया, इसके साथ ही बच्चों ने रैंप वॉकिंग व मिमिक्री, बेस्ट फ्रेंड, बेस्ट टीचर, बेस्ट यादगार आदि का भी प्रदर्शन किया । 12 वीं के बच्चों ने स्कूल में अपने द्वारा बिताए गए संस्मरण का उल्लेख राइटिंग बोर्ड पर कर विद्यालय के इतिहास में अमिट छाप छोड़ी। इसके साथ ही 12 वी के बच्चों ने स्कूल में अपने बीते हुए समय को याद कर भाव विभोर होकर रुंधे हुए गले से कहा कि हम पूरे जीवन भर विद्यालय की बातों को भूल नहीं पाएंगे, उन्होंने अपने शिक्षकों के साथ ही सहपाठियों की भी भूरी भूरी प्रशंसा करते हुए कहा कि ऐसा शैक्षणिक वातावरण हमें कहीं देखने को नहीं मिलेगा, जिस प्रकार से हमारे शिक्षकों ने हमें शिक्षा दिया, वह निश्चित रूप से प्रशंसनीय व अनुकरणीय है। इसी क्रम में विद्यालय के प्रधानाचार्य जुबेर हसन ने बच्चों को भविष्य में भी कहीं भी किसी भी प्रकार की जरूरत होने पर हमेशा विद्यालय परिवार को साथ रहने का आश्वासन देने के साथ ही यदि पढ़ाई के समय बच्चों को शिक्षकों द्वारा डांट दिया गया, हो तो उसका मलाल न रखकर आशीर्वाद समझें । विद्यालय के प्रबंध निदेशक शिव गोविंद सिंह ने बच्चों से हमेशा अपने शिक्षकों और माता-पिता के प्रति अच्छा व्यवहार और उनके आदेशों का पालन करने के साथ ही जीवन में अनुशासन के महत्व को बताते हुए, कहा की शिक्षा का उच्च स्तर तभी पता चलता है । जब हम अपने जीवन में संयम, सहनशीलता और अनुशासन का पालन करने लगते हैं, तभी वास्तविक शिक्षा का उद्देश्य पूरा होता है। कार्यक्रम के अंत में बच्चों को उनके अच्छे कार्यों के लिए विद्यालय परिवार द्वारा सर्टिफिकेट प्रधान किया गया, इसके बाद बच्चों के साथ केक कटिंग और फोटो सेशन का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के अंत में सभी के लिये  नाश्ते के साथ भोजन का भी प्रबंध किया गया था। कार्यक्रम का संचालन सुनील तिवारी व अंशिका सिंह ने संयुक्त रूप से किया । इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से दयनाथ सिंह बृजेंद्र पांडे, सुनील  त्रिपाठी, नीलम चौहान, सुबिया सईद, आरती सिंह, किशन मिश्रा, एजाज अहमद, प्रभाकर सिंह, एके शुक्ला, दामिनी सिंह, कुमकुम दुबे, आलोक यादव, अनीता सिंह, अभय सिंह रमन यादव आदि रहे।